गणेश चतुर्थी 2026 की संपूर्ण जानकारी
संपूर्ण परिचय
गणेश चतुर्थी 2026 का पवित्र पर्व हिंदू धर्म के सबसे विशेष त्योहारों में से एक है। इस दिन गणेश जी का जन्मोत्सव मनाया जाता है। गणेश चतुर्थी 2026 भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी को मनाई जाती है। इस दिन से १० दिन के गणेश उत्सव की शुरुआत होती है।
तिथि और मुहूर्त
गणेश चतुर्थी 2026 की तिथि २२ अगस्त २०२६ है। मध्याह्न का समय स्थापना के लिए सबसे शुभ माना जाता है। प्रभोदिनी मुहूर्त, लाभ मुहूर्त और अमृत काल प्रमुख हैं। व्यतिपात और विषघड़ी में स्थापना से बचना चाहिए।
पूजा विधि
मूर्ति स्थापना, षोडशोपचार पूजा, २१ पत्र पूजा, मंत्र जप, आरती — ये मुख्य अंग हैं। गणेश अथर्वशीर्ष का पाठ करना लाभदायक होता है। ॐ गण गणपतये नमः मंत्र का जप करें।
व्रत नियम
सुबह स्नान करके संकल्प लें। अनाज नमक न खाएं। फल दूध से काम चलाएं। आरती के बाद व्रत तोड़ें। १० दिन के व्रत में प्रतिदिन पूजा करें।
विसर्जन विधि
अनंत चतुर्दशी को विसर्जन होता है। मूर्ति को गंगा या पानी में समर्पित करें। गणपति बप्पा मोरया के नाद के साथ भगवान को विदाई दें। विसर्जन के बाद भी भगवान की कृपा बनी रहती है। गणेश चतुर्थी 2026 का महत्व धार्मिक, आध्यात्मिक और सामाजिक — तीनों दृष्टि से विशेष है। यह त्योहार लोगों को एक साथ जोड़ता है।